विद्यार्थी देश के भविष्य होते हैं। इसलिए विद्यार्थियों के कुछ महत्वपूर्ण कर्तव्य होते हैं, जिन्हें उन्हें ईमानदारी से निभाना चाहिए। सबसे पहला कर्तव्य है कि विद्यार्थी मन लगाकर पढ़ाई करें और ज्ञान प्राप्त करने का प्रयास करें। शिक्षा ही उनके उज्ज्वल भविष्य का आधार होती है।
विद्यार्थियों को अपने माता-पिता और शिक्षकों का सम्मान करना चाहिए। उन्हें स्कूल के नियमों का पालन करना चाहिए और अनुशासन में रहना चाहिए। एक अच्छे विद्यार्थी को समय का सही उपयोग करना चाहिए और आलस्य से दूर रहना चाहिए।
विद्यार्थियों का कर्तव्य केवल पढ़ाई करना ही नहीं है, बल्कि उन्हें अच्छे संस्कार भी अपनाने चाहिए। उन्हें समाज के प्रति जिम्मेदार बनना चाहिए और बुरी आदतों से दूर रहना चाहिए।
इस प्रकार यदि विद्यार्थी अपने कर्तव्यों को सही ढंग से निभाएँ, तो वे अच्छे नागरिक बन सकते हैं और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
